उत्तराखंड । उत्तराखंड के टिहरी जिले में हुए दर्दनाक सड़क हादसे की जांच के लिए लीड एजेंसी की टीम ने दुर्घटनास्थल का निरीक्षण किया। इस हादसे में आठ लोगों की जान चली गई थी, जिससे पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है।
जानकारी के अनुसार, गुरुवार को चकरेड़ा गांव से 10 लोग हरिद्वार अंत्येष्टि में शामिल होकर लौट रहे थे। वापसी के दौरान उनका वाहन चंबा-कोटी कॉलोनी मोटर मार्ग पर दुर्घटनाग्रस्त हो गया। हादसे में आठ लोगों की मौके पर ही मौत हो गई।
उप परिवहन आयुक्त शैलेश तिवारी के मुताबिक, प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि दुर्घटनास्थल के पास सड़क पर तीव्र ढलान है। चालक वाहन की गति पर नियंत्रण नहीं रख सका, जिससे वाहन पैरापिट से टकराते हुए करीब 300 मीटर गहरी खाई में जा गिरा।
हालांकि, अधिकारियों ने बताया कि सड़क की चौड़ाई पर्याप्त थी और पैरापिट भी मौजूद था, लेकिन मोड़ के बाद लगातार ढलान हादसे का मुख्य कारण प्रतीत हो रहा है। टीम ने खाई में जाकर भी मौके का निरीक्षण किया और विस्तृत रिपोर्ट जल्द सौंपने की बात कही है।
सुरक्षा के लिए दिए गए सुझाव
जांच टीम ने भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए कई सुझाव दिए हैं। इनमें शामिल हैं:
- तीव्र ढलान वाले स्थान पर रंबल स्ट्रिप बनाना
- पैरापिट के साथ क्रैश बैरियर लगाना
- मोड़ की संरचना (ज्यामिति) में सुधार करना
- दुर्घटना संभावित क्षेत्र के संकेत बोर्ड लगाना और गति सीमा निर्धारित करना
इस हादसे ने कई परिवारों को गहरा आघात पहुंचाया है, और प्रशासन अब सुरक्षा उपायों को मजबूत करने की दिशा में कदम उठा रहा है।
